MHD-4 · December 2023 · हिन्दी
IGNOU MHD-4 December 2023 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
नाटक और अन्य गद्य विधाएँ (Drama and Other Prose Forms)
Structured previous year question paper for MHD-4, December 2023 session (Hindi medium).
Questions: 10
Verified: 26 Jul 2026
मुद्रित पृष्ठों की संख्या : 4 MHD-4
हिन्दी में स्नातकोत्तर उपाधि ( एम. ए. हिन्दी )
सत्रांत परीक्षा
दिसम्बर, 2023
एम.एच.डी.-4 : नाटक और अन्य गद्य विधाएँ
समय : 3 घण्टे अधिकतम अंक ; 100
नोट : प्रथम प्रश्न अनिवार्य है। शेष में से किन््हीं चार
प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
Q1.निम्नलिखित में से किन्हीं तीन की संदर्भ सहित व्याख्या कीजिए : 3x12=36
(क)साँच कहैं ते पनही खाबें। झूठे बहुविध पदवी पावैं॥ छलियन के एका के आग। लाख कहो एकहु नहिं लागै॥ भीतर होड मलिन की कारो। चहिए बाहर रँग चटकारो॥
(ख)यह भी देखा है। देखा है कि जिस मुट्ठी में तुम कितना-कुछ एक साथ भर लेना चाहती थीं, उसमें जो था, वह भो धीरे-धीरे बाहर फिसलता गया है। तुम्हारे मन में लगातार एक डर समाता गया है जिसके मारे कभी तम घर का दामन थामती रही हो, कभी बाहर का और कि वह डर एक दहशत में बदल गया। जिस दिन तुम्हें एक बहुत बड़ा झटका खाना पड़ा... अपनी आखिरी कोशिश में।
(ग) धर्म, नीति, मर्यादा, यह सब हैं केवल आडंबर मात्र, मैंने यह बार-बार देखा था। निर्णय के क्षण में विवेक और मर्यादा व्यर्थ सिद्ध होते आये हैं सदा हम सब के मन में कहीं एक अंध गहवर है।
(घ) मैं खुद भी एक मजदूर हूँ मैं खुद भी एक किसान हूँ मेरा पूरा जिस्म दर्द की तस्वीर है मेरी रग-रग में नफरत की आग भरी है और तुम कितनी बेशर्मी से कहते हो कि मेरी भूख एक भ्रम है और मेरा नंगापन एक ख्वाब एक औरत जिसके लिए तुम्हारी बेहूदा शब्दावली में एक शब्द भी ऐसा नहीं जो उसके महत्व को बयान कर सके। (ड) दंपति सुखी नहीं हो सके, यह कहना व्यर्थ है। दासों का एक से दो होना प्रभुओं के लिए अच्छा हो सकता है, दासों क लिए नहीं। एक ओर उससे प्रभुता का विस्तार होता है और दूसरी ओर पराधीनता का प्रसार। स्वामी तो साम-दाम-भेद द्वारा उन्हें लड़ाकर दासता को और दृढ़ करते रहे हैं और दास अपनी विवश झुँझलाहट और हीन भावना के कारण एक-दूसरे के अभिशापों को विविध बनाकर उससे बाहर आने का मार्ग अवरुद्ध करते रहते हैं।
Q2.“अंधेर नगरी' की प्रासंगिकता और महत्व पर प्रकाश डालिए।
Q3.“स्कन्दगुप्त' नाटक के आधार पर स्कन्दगुप्त का चरित्र-चित्रण कीजिए।
Q4.गीति-नाट्य की विशेषताओं के आधार पर “अंधायुग' का मूल्यांकन कीजिए।
Q5.पति-पत्नी के संबंधों में आ रहे बदलावों के संदर्भ में “आधे-अधूरे' की सावित्री और महेन्द्रनाथ के पारस्परिक संबंधों का विवेचन कौजिए।
Q6.“लोभ और प्रीति! निबंध का प्रतिपाद्य स्पष्ट करते हुए निबंध के महत्व पर प्रकाश डालिए।
Q7.“बसंत के अग्रदूत' संस्मरण के आधार पर निराला के काव्य-व्यक्तित्व पर प्रकाश डालिए।
Q8.जीवनी और आत्मकथा का अंतर बताते हुए आपके पाठ्यक्रम में शामिल रचनाओं की तुलना कीजिए।
Q9.राहुल सांकृत्यायन के यात्रा-संस्मरण “किन्नर देश की ओर' का महत्व बताइए।
Q10.निम्नलिखित में से किन्हीं दो पर टिप्पणियाँ लिखिए :
(क) ललित निबंध और 'कुटज'
(ख) व्यंग्य निबंध
(ग) रेखाचित्र और संस्मरण
(घ) प्रसादजी के ऐतिहासिक नाटक