BHDC-103 · June 2023 · हिन्दी

IGNOU BHDC-103 June 2023 Previous Year Question Paper (हिन्दी)

BHDC-103

Structured previous year question paper for BHDC-103, June 2023 session (Hindi medium).

Questions: 9

Verified: 10 Aug 2026

मुद्रित पृष्ठों की संख्या : 4 BHDC-103

बी. ए. ( ऑनर्स ) हिन्दी (बी. ए. एच. डी. एच. )

सत्रांत परीक्षा

जून, 2023

बी.एच.डी.सी.-103 : आदिकालीन एवं

मध्यकालीन हिन्दी कविता

समय : 3 घण्टे अधिकतम अंक ; 100

नोट : कुल पाँच प्रश्नों के उत्तर दीजिए। पहला प्रश्न

अनिवार्य है।

Q1.निम्नलिखित काव्यांशों में से किन्हीं तीन की सन्दर्भ सहित व्याख्या कीजिए : 12x3=36

(क) हरि जननी मैं बालक तेरा। काहे न अवगुन बकसहु मेरा। टेक॥ सुत अपराध करत है केते। जननी के चित रहें न तेते॥ कर गहि केस करे जौ घाता। तऊ न हेत उतारै माता॥ कहे कबीर इक बुद्धि बिचारी। बालक दुखी दुखी महतारी॥ (@) vale दीप निअरावा जाई। जनु कबिलास निअर भा आई॥ घन अँबराईँ लाग we We so पुहुमि हुति लाग अकासा॥ तरिवर सबै मले गिरि लाए। भे जग छाँह रैनि होइ छाए॥ मले समीर सोहाई छाहाँ। जेठ जाड़ लागै तेहि माहाँ॥ ओही छाँह रैनि होइ आवे। हरिअर सबे अकास दिखावै॥ पंथिक जौ पहुँचे सहि घामू। दुख बिसरे सुख होइ बिसरामू॥

(ग) मधुकर हमहीं क्यों समुझावत। बारंबार ज्ञान गीता को, अबलनि आगें गावत॥ नंदनंदन बिनु कपट कथा कत, कहि कहि रुचि उपजावत। एक चंदन जो अंग छुधा रत, कहि कैसें सचु पावत॥ देखि बिचारि तुहीं जिय अपने, नागर है जु कहावत। सब सुमननि फिरि फिरि जु निरस करि, काहैं कमल बूँधावत॥

(घ) हीन भएं जल मीन अधीन, कहा कछु मो अकुलानि समाने। नीरसनेही कों लाय कलंक निरास हवे कायर त्यागत प्रानै। प्रीति की रीति सु क्यों समुझे जड़, मीत के पानि परै कों प्रमाने। या मन कौ जु दसा, घनआनंद जीव कौ जीवनि जान ही जाने॥

(3) रोटी न पेट में हो तो फिर कुछ जतन न हो। मेले की सैर ख्वाहिशे बागो चमन न हो॥ भूके गरीब दिल की खुदा से लगन न हो। सच है कहा किसी ने कि भूके भजन न हो॥ अल्लाह की भी याद दिलाती हैं रोटियाँ॥

Q2.अमीर खुसरो के रचना संसार पर प्रकाश डालिए।

Q3.कबीर के काव्य सौन्दर्य पर विचार कीजिए।

Q4.जायसी के काव्य में चित्रित लोकजीवन के स्वरूप को स्पष्ट कीजिए।

Q5.तुलसीदास की भक्ति के स्वरूप पर प्रकाश डालिए।

Q6.रहीम के भाव और कला-पक्ष का मूल्यांकन कीजिए।16

Q7.“रीति सिद्ध कविता में बिहारी का स्थान अन्यतम है।' इस कथन पर विचार कीजिए।

Q8.घनानंद के काव्य के रूप पक्ष को उद्घाटित कीजिए।16

Q9.निम्नलिखित में से किन्हीं दो पर संक्षिप्त टिप्पणियाँ लिखिए : 8x2=16

(क) सूरदास का वात्सल्य वर्णन

(ख) विद्यापति के काव्य में श्रृंगार

(ग) मीराबाई की विद्रोही चेतना

(a) नजीर की लोकथधर्मिता