BHDE-141 · June 2025 · हिन्दी
IGNOU BHDE-141 June 2025 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
BHDE-141
Structured previous year question paper for BHDE-141, June 2025 session (Hindi medium).
Questions: 9
Verified: 10 Aug 2026
मुद्रित पृष्ठों की संख्या : 5 BHDE-141
स्नातक उपाधि कार्यक्रम (सामान्य)
सत्रांत परीक्षा
जून, 2025
बी.एच.डी.ई.-141 : अस्मितामूलक विमर्श
और हिन्दी साहित्य
समय :3 घण्टे अधिकतम अंक ; 100
नोट ; प्रथम प्रश्न अनिवार्य है। शेष में से किन्हीं चार प्रश्नों के
उत्तर दीजिए।
नोट : निम्नलिखित में से किन्हीं तीन की सप्रसंग व्याख्या कीजिए :
Q1.(क) “ओखल में धान के साथ कूट दी गई भूसी के साथ कूड़े पर फेंक दी गई वहाँ अमरबेल बनकर उगी।”
(ख) “सारी राजनीतिक, सामाजिक तथा अन्य व्यवस्थाओं की रूपरेखा शक्ति द्वारा ही निर्धारित होती रही और सबल की सुविधानुसार ही परिवर्तित और संशोधित होती गई, इसी से दुर्बल को वही स्वीकार करना पड़ा जो सुगमतापूर्वक मिल गया। यही स्वाभाविक भी था।”
(ग) “उस घर से मत जोड़ना मेरा रिश्ता जिस घर में बड़ा-सा खुला आँगन न हो मुर्गे की बाँग पर जहाँ होती ना हो सुबह और शाम पिछवाड़े से जहाँ पहाड़ी पर डूबता सूरज ना दिखे।”
(घ) ज्ञान ने कहा-“यह प्रेम अनुचित है, समाज इसे क्या कहेगा ? विवाहिता नारी का प्रेम पति पर ही केन्द्रित होता है। उसे कोई अधिकार नहीं कि वह कोई और स्नेही, मित्र, सखा बनाकर प्यार लुटाती चले। लेकिन मन को वह अच्छा लगता है ! जाने दो यह सब। ऊँह प्रेम ही तो जीवन है। इसकी अवहेलना क्यों ?” (ड) “आए तो आए वह वन्य छद्मधारी अविचारी कर खंडित-कलंकित
(a) वहाँ तो कतई नहीं जहाँ की सड़कों पर मान से ज्यादा तेज दौड़ती हों मोटर-गाडियाँ ऊँचे-ऊँचे मकान और दुकानें हों बड़ी-बड़ी।
Q2.“दलित आन्दोलन! के उद्भव एवं विकास पर प्रकाश डालिए।
Q3.“स्त्री मुक्ति आन्दोलन! के भारतीय परिप्रेक्ष्य को स्पष्ट
Q4.आदिवासी साहित्य की वैचारिकी को स्पष्ट कीजिए।
Q5.“धूणी तपे तीर' के कथानक को विश्लेषित कीजिए।..
Q6.“व्यक्तित्व की भूख” कहानी की प्रासंगिकता पर विचार
Q7.“दलित कहाँ तक पड़े रहेंगे” कविता की भाषा और शिल्प पर प्रकाश डालिए।
Q8.“सोनवा के पिंजरा' कविता की अन्तर्वस्तु का विवेचन
Q9.“बेजगह' कविता की मूल-संवेदना पर निबंध लिखिए।
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BHDE-141 SOLVED ASSIGNMENT 2026-27 HINDI MEDIUM
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