BHDC-134 · December 2022 · हिन्दी
IGNOU BHDC-134 December 2022 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
BHDC-134
Structured previous year question paper for BHDC-134, December 2022 session (Hindi medium).
Questions: 8
Verified: 10 Aug 2026
मुद्रित पृष्ठों की संख्या : 4 BHDC-134
स्नातक उपाधि कार्यक्रम ( सी. बी. सी. एस. )
सत्रांत परीक्षा
दिसम्बर, 2022
बी.एच.डी.सी.-184 : हिन्दी गद्य साहित्य
समय : 3 घण्टे अधिकतम अक : 100
नोट : प्रथम प्रश्न अनिवार्य है। शेष में ae feet? aR
प्रश्नों को उत्तर दीजिए।
Q1.निम्नलिखित गद्यांशों में से किन्हीं दो की सन्दर्भ सहित व्याख्या कीजिए : 2x18=36
(क) बहुत कुछ जो इस दुनिया में हो रहा हे वह वैसा ही क्यों होता हे, अन्यथा क्यों नहीं होता--इसका क्या उत्तर है ? उत्तर हो अथवा न हो, पर जान पड़ता है भवितव्य ही होता है। नियति का लेख बँधा है। एक भी अक्षर उसका यहाँ से वहाँ न हो सकेगा। वह बदलता नहीं, बदलेगा नहीं। पर विधि का वह अतर्क्य लेख किस विधाता ने बनाया है, उसका उसमें क्या प्रयोजन है -- यह भी कभी पूछकर जानने की इच्छा की जा सकती है, या नहीं।
(ख) यह जो मेरे सामने कुटज का लहराता पौधा खड़ा है वह नाम और रूप दोनों में अपनी अपराजेय जीवनी-शक्ति की घोषणा कर रहा है। इसीलिए यह इतना आकर्षक है नाम है कि हजारों वर्ष से जीता चला आ रहा है। कितने नाम आये और गये। दुनिया उनको भूल गयी, वे दुनिया को भूल गए। मगर कुटज है कि संस्कृत की निरंतर स्फीयमान शब्दराशि में जो जम के बैठा सो बैठा
(ग) सभी लोग विस्मित हो रहे थे। इसलिए नहीं कि अलोपीदीन ने क्यों यह कर्म किया ? बल्कि इसलिए कि वह कानून के पंजे में कैसे आये। ऐसा मनुष्य जिसके पास असाध्य साधन करने वाला धन और अनन्य वाचालता हो, वह क्यों कानून के पंजे में आये। प्रत्येक मनुष्य उनसे सहानुभूति प्रकट करता था। बड़ी तत्परता से इस आक्रमण को रोकने के निमित्त वकीलों की एक सेना तैयार की गई। न्याय के मैदान में धर्म और धन युद्ध ठन गया।
(घ) यदि मनुष्य-समाज में सब के लोभ के लक्ष्य भिन्न-भिन्न होते तो लोभ को बुरा कहने वाले कहीं न मिलते। यदि एक साथ रहने वाले दस आदमियों में से कोई गाय बहुत चाहता है, कोई घोड़ा, कोई कपड़ा, कोई ईंट, कोई पत्थर, कोई सोना, कोई चाँदी, कोई ताँबा और इन वस्तुओं में से किसी को शेष सब वस्तुओं को प्राप्त कराने की कृत्रिम शक्ति न दी जाती, तो एक के लोभ से दूसरे को कोई कष्ट न पहुँचता और दूसरी बात यह होती कि लोभ का एक बुरा लक्षण जो असंतोष है, उसकी भी एक सीमा हो जाती-कोई कितनी गायें रखता, कितने घोड़े बाँधता, कहाँ तक सोना-चाँदी इकट्ठी करता।
Q2.प्रारंभिक हिन्दी गद्य साहित्य का परिचय दीजिए।
Q3.कहानी के तत्वों की उदाहरण सहित चर्चा कीजिए।
Q4.“नमक का दारोगा” के प्रमुख पात्रों की चारित्रिक विशेषताओं का विवेचन कीजिए।
Q5.“बुद्धगुप्त' की चरित्रगत विशेषताओं की चर्चा कीजिए
Q6.“वापसी” कहानी के संरचना शिल्प की विशेषताएँ उदाहरण सहित बताइए।
Q7.“कुटज' की अंतर्वस्तु पर प्रकाश डालिए।
Q8.निम्नलिखित में से किन्हीं दो पर टिप्पणियाँ लिखिए :
(क) भारतेन्दु युगीन गद्य
(ख) 'सहस्र फणों का मणि-दीप' निबन्ध का कथ्य
(ग) “जयवर्द्धन' उपन्यास का कथ्य
(घ) आत्मकथा और जीवनी