MHD-1 · June 2014 · हिन्दी
IGNOU MHD-1 June 2014 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
हिंदी काव्य-1 (Hindi Poetry-1)
Structured previous year question paper for MHD-1, June 2014 session (Hindi medium).
Questions: 8
Verified: 26 Jul 2026
हिन्दी में स्नातकोत्तर उपाधि (एम.एच.डी.) ,
सत्रांत परीक्षा
जून, 2014 हु
एम.एच.डी.-01 : हिन्दी काव्य--1
समय : 2 घण्टे अधिकतम अंक : 50
नोट : कुल चार प्रश्नों के उत्तर देने हैं। प्रथम ग्रश्न अनिवार्य है।
शेष में से किन्हीं तीन प्रश्नों के उत्तर दीजिए। :
Q1.निम्नलिखित में से क़िन्हीं दो अवतरणों की सप्रसंग 1002520 : व्याख्या कीजिए।
(क) अवधू मेरा मन मतिवारा। : उन्मुनि चढ़ा गगन-रस पीवै, त्रिभुवत भया उजियारा। हे गुड़ करि ज्ञान ध्यान करि महुवा, भव-भाठी करि भारा। सुष्मन-नारी सहज समानीं, पीवै पीवनहारा। : दोई पुड़ जोड़ि चिगाई, भाठी चुआ महारस भारी ; काम-क्रोध-दुइ किया पलीता, छूटि गई संसारी। ३ सुनि मंडल में मैदला बाजै, तहँ मेरा मन नाचै। हे गुरु प्रसाद अमृत फल पाया, सहजि सुष्मनां काछै। है पूरा मिलया तबै सुख उपज्यो तप की तपनि बुझानी हा we wade भवबंधन छूटै, जोतिहि जोति समानी। :
(ख) कूलन में केलि में कद्दारन में कुंजन में, क्यारिन में कलित कलीन किलकंत है। कहै पद्माकर परागन में पौनहू में, पातन में पिक में पलासन पगंत है। द्वारे में दिसान में दुनी में देस देसन में, देखौ दीपदीपन में दीपत दिगंत है। बीथिन में ब्रज में नवेलिन में बेलिन में, बनन में बागन में बगरयो बसंत है।।
(ग) हमारे प्रभु औगुण चित न धरौ। समदरसी है नाम तुम्हारा सोई पार करौ। इक लोहा पूजा मैं राखत इक घर बधिक परौ। सो दुविधा पारस नहिं जानत कंचन करत खरौ।। इक नदिया इक नार कहावत मैलौ नीर भरौ। जब मिलि गए तब एक बरन है गंगा नाम परौ।। | तन माया ज्यौं ब्रह्म कहावत सूर सु मिलि बिगरौ। : [...] (this portion is being re-verified) & प्रन जात घायल री गत घायल जाण्याँ, हिबड़ी अगण सँजोय। जौहर की गत जौहर जाण्याँ, क्या जाण्याँ जिण खोय। मीरा री प्रभु पीर मिटाँगा जब वैद साँवरो होय |।
Q2.पृथ्वीराज रासो की विषय वस्तु का विवेचन कीजिए।
Q3.गीति काव्य के रूप में विद्यापति पदावली की मुख्य 10 विशेषताएँ क्या है?
Q4.“कबीर के काब्य में व्यंग्य का अपूर्व सामर्थ्य है।" सोदाहरण 10 विचार करें।
Q5.सूरदास के प्रकृति वर्णन की विशेषताएँ बताइए |
Q6.भक्ति-काव्य में मीरा का महत्त्व क्या है? विचार 10 कीजिए।
Q7.तुलसी के काव्य में मौजूद तत्कालीन समाज के स्वरूप 10 का विवेचन कीजिए।
Q8.रीतिकाल में धनानंद का महत्त्व क्या है? विचार करें।