BPYC-132 · December 2022 · हिन्दी
IGNOU BPYC-132 December 2022 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
ETHICS
Structured previous year question paper for BPYC-132, December 2022 session (Hindi medium).
Max marks: 100 · Questions: 7
Verified: 24 Aug 2026
बी. ए. (सामान्य ) दर्शनशास्त्र (बी. ए. जी. )
सत्रांत परीक्षा
दिसम्बर, 2022
बी.पी.वाई.सी.-182 : नीतिशास्त्र
समय : 3 घण्टे अधिकवम अक : 100
नोट ८ सभी पाँच प्रश्नों को उत्तर दीजिए। सभी प्रश्नों को
अक समान हैं। प्रश्न सख्या / और 2 में ग्रत्येक का
उत्तर लगभग 400 शब्दों में दीजिए।
Q1.क्या आप मानते हैं कि नैतिक क्रिया के लिए स्वतन्त्रता/स्वायत्तता का होना अनिवार्य है ? नैतिक व्यवहार में स्वतन्त्र-संकल्प की भूमिका पर चर्चा कीजिए। 20 अथवा नैतिक सापेक्षतावाद पर एक निबन्ध लिखिए
Q2.धर्म एवं नीतिशास्त्र के मध्य सम्बन्ध पर चर्चा कीजिए नैतिक कर्म के सम्बन्ध में हिन्दू धर्म, बौद्ध धर्म, जैन धर्म, इस्लाम और ईसाई धर्म के क्या विचार हैं ? 20 अथवा निरपेक्ष आदेश क्या है ? काण्ट के कर्तव्यमूलक नीतिशास्त्र का आलोचनात्मक मूल्यांकन कीजिए।
Q3.किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर दीजिए। प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 200 शब्दों में दीजिए : प्रत्येक 10 (७) सुकरात एवं अरस्तू के अनुसार सदगुण की अवधारणा पर निबन्ध लिखिए।
Q4.नैतिकता में तर्क एवं भावनाओं की भूमिका पर चर्चा कीजिए। (० जे. एस. मिल के उपयोगितावाद को स्पष्ट कीजिए। @ प्राकृतिक दोष क्या है 2? विस्तार से व्याख्या
Q5.किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर दीजिए। प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 150 शब्दों में दीजिए : प्रत्येक
Q6.बौद्ध धर्म के नीति दर्शन के नैतिक सिद्धान्तों का वर्णन कीजिए। (०७ सुकरात के कथन “सदगुण ज्ञान है” से आप क्या समझते हैं ? (१) निर्धारणवाद एवं अनिर्धारणवाद के मध्य अन्तर (०) नैतिकता में मानव गरिमा की भूमिका क्या है ?
(6) ईसाई धर्म के अनुसार अवगुण के प्रत्यय पर टिप्पणी लिखिए।
Q7.किन्हीं पाँच पर संक्षिप्त टिप्पणियाँ लिखिए। प्रत्येक टिप्पणी लगभग 100 शब्दों में हो : प्रत्येक 4 (>) अधिनीतिशास्त्रीय सापेक्षतावाद (० ऐच्छिक कर्म (१) निष्काम कर्म (०) व्यावहारिक बुद्धि
(6) आष्टांगिक मार्ग (४) सापेक्ष आदेश (७) नैतिक अहंवाद