MHD-7 · June 2010 · हिन्दी
IGNOU MHD-7 June 2010 Previous Year Question Paper (हिन्दी)
भाषा विज्ञान और हिंदी भाषा (Linguistics and Hindi Language)
Structured previous year question paper for MHD-7, June 2010 session (Hindi medium).
Questions: 6
Verified: 26 Jul 2026
co हिन्दी में स्नातकोत्तर उपाधि ( एम.एच.डी. )
+ सत्रांत परीक्षा
° जून, 2010
एम.एच.डी.-7 : भाषा-विज्ञान और हिन्दी भाषा
समय :2 घण्टे अधिकतम अंक ; 50
नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दीजिये।
Q1.संरचनात्मक भाषा विज्ञान में विश्लेषण की प्रक्रिया को सोदाहरण 10 समझाइये। अथवा शैली विज्ञान और साहित्यिक आलोचना के पारस्परिक संबंधों को स्पष्ट करते हुये बताइये कि शैली विज्ञान में साहित्यिक आलोचना की क्या भूमिका है?
Q2.रूपिम की संकल्पना स्पष्ट कीजिये और शब्द निर्माण में इसका 10 ॒ प्रकार्य समझाइये। अथवा भाषा अर्जन और भाषा अधिगम की प्रक्रिया समझाइये।
Q3.निम्नलिखित में से किन्हीं तीन पर संक्षिप्त टिप्पणियाँ लिखिये :
(क) संचार और सम्प्रेषण का अंतः सम्बन्ध 3xB=15
(ख) भाषायी दक्षता और भाषा व्यवहार
(ग) अर्थ परिवर्तन की दिशायें
(घ) भाषा शिक्षण की अधुनातन भूमिका (७) कोश निर्माण की प्रक्रिया
(च) अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर हिन्दी
Q4.निम्नलिखित प्रश्नों का लगभग 50 शब्दों में उत्तर दीजिये : 5>155
(क) अर्थ ग्रहण की प्रक्रिया
(ख) भाषा शिक्षण की प्रमुख विधियां
(ग) अनुवाद की उपयोगिता
(घ) भाषा और सामाजिक संदर्भ (S) सूचना समाज
Q5.पूरा वाक्य लिखकर उसके सामने उल्लेख कीजिये कि कथन सही है अथवा गलत : 5x1=5
(क) क्रिया विशेषण हमेशा ऐच्छिक घटक के रूप में ही प्रयुक्त
(ख) समान वातावरण में परस्पर व्यतिरिक में आने वाली ध्वनियां स्वनिम कहलाती हैं।
(ग) संज्ञा, विशेषण आदि को प्रकार्यात्मक शब्द कहते हैं।
(घ) शैली भाषा का सर्जनात्मक प्रयोग है जिसमें कलात्मक सौन्दर्य और भाषिक संरचना का संबंध होता है। (ड) सरल वाक्य में कम से कम दो उपवाक्य आवश्यक हैं।
Q6.उचित शब्द चुनकर वाक्य पूरे कीजिये : 5x1=5
(क) कर से क्रिया की रचना प्रत्यय से हुई है। (शब्द साधक/रूप सांधक)
(ख) सत्ूसन सद् एक ही के सदस्य हैं। (रूपिम/ प्रत्यय )
(ग) वचन लिंग, पुरुष भाषा की कोटियाँ हैं। (संरचनात्मक/व्याकरणिक/ अर्थपरक )
(a) “मैं अभी तक आपको डॉक्टर समझता था' वाक्य में वाक्य का कर्म है। (मैं/डाक्टर/आपको) (ड) उर्दू से आये कई शब्द का निर्माण करते (शैलभेद/पर्यायता)